11 कुंडीय हवन यज्ञ
Event Start Date : 29/10/2025 Event End Date 29/10/2025



वैदिक संस्कार पुण्य मास के समापन पर कलीराम डीएवी स्कूल में 11 कुंडीय हवन यज्ञ का आयोजन
कलीराम डीएवी पब्लिक स्कूल में 29 अक्टूबर, बुधवार को वैदिक संस्कार पुण्य मास के समापन पर 11 कुंडीय हवन यज्ञ किया गया। अनेक वैदिक गतिविधियों के माध्यम से 2 अक्टूबर से 29 अक्टूबर तक विद्यालय प्रांगण में वैदिक संस्कार पुण्य मास मनाया गया। कक्षा छठी से दसवीं तक के बच्चों ने 11 कुंडीय हवन यज्ञ में बढ़- चढ़कर भाग लिया। बच्चों ने वैदिक मंत्रों का उच्चारण करते हुए यज्ञ संपन्न किया। हवन की सुगंध से महकता हुआ विद्यालय प्रांगण वैदिक मंत्रों की ध्वनि से गूंज रहा था। अंत में शांति पाठ के बाद पुष्प वर्षा करते हुए प्राचार्य श्री पंकज कुमार सिंह ने बच्चों को आशीर्वाद दिया और अपने संबोधन में कहा कि हवन-यज्ञ के माध्यम से वैदिक संस्कारों को घर-घर पहुंचाना ही डीएवी का मुख्य उद्देश्य है ।यज्ञ एक वैज्ञानिक पद्धति है जिसके द्वारा पर्यावरण में उत्पन्न होने वाले सूक्ष्म रोगाणुओं को समाप्त किया जा सकता है। यज्ञ एक श्रेष्ठ कर्म है। श्रेष्ठ कर्म, श्रेष्ठ विचार तथा अच्छी संगति बच्चों को एक आदर्श विद्यार्थी बनाती है। इस प्रकार की गतिविधियों से ही बच्चे अपनी सभ्यता, संस्कृति, देश, धर्म व समाज सेवा के लिए समर्पित होते हैं।भौतिकतावादी युग में बच्चे पाश्चात्य संस्कृति की ओर आकर्षित हो रहे हैं। ऐसे समय में बच्चों को अपनी वैदिक संस्कृति व संस्कारों से परिचित करवाने में वैदिक गतिविधियों की अत्यंत आवश्यकता है। इनसे बच्चों में संस्कार, चरित्र व नैतिकता के गुणों का समावेश होता है।
इस कड़ी में अहम भूमिका निभाते हुए विद्यालय में अंतर्सदन हवन यज्ञ प्रतियोगिता, भजन प्रतियोगिता , दीया मेकिंग, रंगोली, नुक्कड़ नाटक आदि प्रतियोगिताएं करवाई गई। हवन यज्ञ प्रतियोगिता में कनिष्ठ वर्ग में महाराणा प्रताप सदन ने प्रथम, दयानंद सदन ने द्वितीय, रानी लक्ष्मीबाई व शिवाजी सदन ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। वरिष्ठ वर्ग में शिवाजी सदन ने प्रथम, दयानंद व महाराणा प्रताप सदन ने द्वितीय ,रानी लक्ष्मीबाई सदन ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। भजन प्रतियोगिता में मनीष (नौवीं)ने प्रथम, याचना(नौवीं) ने द्वितीय, आकृति(सातवीं) ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
धर्म शिक्षक देवेंद्र शास्त्री , सभी अध्यापक व बच्चों की सहभागिता से वैदिक संस्कार पुण्य मास का आयोजन सफल, शानदार, उत्कृष्ट व सकारात्मक विचारों व कार्यों से भरपूर रहा।